मंगलवार, 26 मई 2020

निकलते हैं तेरे आशियाँ के आगे से;
सोचते हैं की तेरा दीदार हो जायेगा;
खिड़की से तेरी सूरत न सही तेरा साया तो नजर आएगा।

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