शनिवार, 4 जुलाई 2020

♨🌿ना जाने कौन सा रिश्ता....
छिपा है तुम !! में...

_____ हजारों अपने है साथ..._______ लेकिन...

याद.. सिर्फ तुम !! ही आते हो..!!!!🌿♨

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